अपने मन को ऐसा बना लो
कि उसपर किसी चीज का
कोई प्रभाव न पड़े
न खुशी में ज्यादा खुश
न दुख में ज्यादा दुखी
हर परिस्थिति में समान रहे
तभी आप जीवन में
सुखी रह पाओगे।
कोई जरूरी तो नहीं
कि हर काम
आपकी इच्छानुसार ही हो
यह भी जरूरी नहीं कि
आपको खुशियां ही खुशियां मिले।
इस जीवनरूपी संसार में
कभी सुख मिलेगा
तो कभी दुख भी मिलेगा
आज आपके अपने साथ हैं
तो कल उनका बिछड़ना भी तय है
आपको हर चीज के लिए तैयार रहना है।
जो मिल जाए
उसके लिए ऊपरवाले का
शुक्रिया अदा करो
जो चीज न मिल पाए
हाथ से निकल जाए
उसे जाने देना सीखो।
किसी के आने से
आपका जीवन खुशियों से
भर जाए तो अच्छा है
पर अपनी खुशियों के लिए
उस पर इतना भी
निर्भर मत हो जाना
कि उसके दूर चले जाने से
आप जिंदगी जीना ही भूल जाएं।
क्योंकि रिश्ते जीवन का हिस्सा है
पूरा जीवन नहीं
कोई साथ रहे
या दूर चला जाए
आपकी मुस्कान किसी की
मोहताज नहीं होनी चाहिए।
जो आज तुम्हारे पास है
हो सकता है
कल न रहे
इसलिए जो पल मिला है
उसे खुलकर जी लो।
अपने आज को बेहतर बनाओ
ऐसा न हो कि
कल की चिंता में
आज को जीना ही छोड़ दो
अपने मन को ऐसा बना लो
गर बीत हुआ कल याद आ भी जाए
तो जिओ हमेशा वर्तमान में।
हर बात का जवाब देना
जरूरी नहीं होता
बस खामोशी से वक्त का इंतजार करो
हर बात का जवाब
वक्त खुद व खुद दे देगा।
जो चीजें तुम्हारे बस में नहीं है
उनके बारे में सोचकर
दुखी होने से क्या फायदा
कुछ चीजें भगवान के
ऊपर भी छोड़ देना चाहिए।
आप हर इंसान को
संतुष्ट नहीं कर सकते
आप हर इंसान को
खुश नहीं कर सकते
जरूरी यह है कि
आप अपने आप में खुश रहो।
क्योंकि हर इंसार को
खुश करने के चक्कर में
हो सकता है
आप अपनी ही खुशियां खो दो।
क्या करोगे
ऐसे इंसान के पीछे भागकर
जिसके दिल में आपकी
जरा सी भी कद्र न हो
जो आपका सम्मान न करे
आपका आत्मसम्मान
किसी इंसान से ऊपर होना चाहिए।
कैसा शिकवा, कैसी शिकायतें
बहुत छोटा सा जीवन है
इसे दिल खोलकर जी लो
कल किसने देखा है
पता नहीं, रहें न रहें।
अपने मन को इतना मजबूत बना लो
कि परिस्थितियां भी
तुम्हें तोड़ न पाएं
दुखी हो, आंखों में आंसू हों
फिर भी उम्मीदें न टूटने पाएं।।
जीवन जैसा भी हो
उसे मुस्कुराकर स्वीकार करो
हालात चाहे जैसे भी हों
तुम टूटो नहीं
झुको नहीं
बस हर बार
थोड़ा और निखरकर
जीवन पथ पर
आगे बढ़ते रहो।
क्योंकि जीवन का असली सुख
सबकुछ पा लेने में नहीं
बल्कि जो मिला है
उसमें संतोष ढूंढ लेने मे है
क्योंकि कुछ लोग
सबकुछ पाकर भी
असंतुष्ट रहते हैं
दुखी रहते है
और कुछ इंसान
थोड़ा पाकर भी खुश रहते हैं।
अपने मन को ऐसा बना लो
कि कोई तुम्हे
दुख दे भी दे
पर तुम्हारी खुशी न छीन सके
और जिंदगी तुमसे कुछ ले भी ले
पर तुम्हारी उम्मीदें न छीन सके।




